मंच पर सक्रिय योगदान न करने वाले सदस्यो की सदस्यता समाप्त कर दी गयी है, यदि कोई मंच पर सदस्यता के लिए दोबारा आवेदन करता है तो उनकी सदस्यता पर तभी विचार किया जाएगा जब वे मंच पर सक्रियता बनाए रखेंगे ...... धन्यवाद   -  रामलाल ब्लॉग व्यस्थापक

गुरुवार, 28 अप्रैल 2011

किसकी प्रॉबलम ज्यादा बड़ी है !!

दो व्यक्ति एक बार में बैठे थे .....

एक ने कहा ...." यार.... बहुत फेमिली प्रॉब्लम है

"दूसरा व्यक्ति : तु पहले मेरी सुन.......
मैंने एक विधवा महिला से शादी की
जिसके एक लड़की थी ...
कुछ दिनों बाद पता चला कि

मेरे पिताजी को उस विधवा महिला कि पुत्री से प्यार है ..
और उन्होने इस तरह मेरी ही लड़की से शादी कर ली ..

अब मेरे पिताजी मेरे दामाद बन गए और मेरी बेटी मेरी माँ बन गयी..
और मेरी ही पत्नी मेरी नानी हो गयी !!

ज्यादा प्रॉब्लम तब हुई जब जब मेरे लड़का हुआ
अब मेरा लड़का मेरी माँ का भाई हो गया तो

इस तरह मेरा मामा हो गया . परिस्थिति तो तब ख़राब हुई
जब मेरे पिताजी को लड़का हुआ

मेरे पिताजी का लड़का यानी मेरा भाई मेरा ही नवासा हो गया
और इस तरह मैं स्वयं का ही दादा हो गया
और स्वयं का ही पोता बन गया

और तू कहता है कि तुझे फेमिली प्रॉब्लम है !!

10 टिप्पणियाँ:

ये तो वाकई बड़ी समस्या है ?

अच्छा है, सब को अपना पिछला जन्म याद नहीं है, वर्ना कौन किसका न जाने क्या होता और, फेमिली प्रॉब्लम?

तौबा..तौबा..!!

ये तो बड़ी समस्या है , कौन किसका क्या है ????

बढ़िया समस्या , पर इलाज भी तो बताया होता ...

बाप रे..बड़ी भारी समस्या...

कमाल का लेख , कमाल की समस्या

एक टिप्पणी भेजें

कृपया इन बातों का ध्यान रखें : -
***************************
***************************
1- लेख का शीर्ष अवश्य लिखें.
=====================================================
2- अपनी पोस्ट लिखते समय लेबल में अपना नाम अवश्य लिखें.
=====================================================
3- लेख की विधा जैसे व्यंग्य, हास्य कविता, जोक्स आदि लिखें.
=====================================================
4- तदुपरांत अपने पोस्ट/लेख के विषय का सन्दर्भ अपने-अनुसार लिखें.
=====================================================
*************************************************************
हास्य व्यंग ब्लॉगर्स असोसिएशन की सदस्यता लेने के लिए यहा क्लिक करे